Mulayam Singh

लोहिया ट्रस्ट के अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव

मुलायम से छिनेगा एक और बंगला…??

एक बार पुन: मुलायम (Mulayam) सिंह परिवार का एक बंगला विवाद के चले सुर्खियों में आ गया है। लोहिया ट्रस्ट के अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव की मुश्किलें हैं कि थमने का नाम नहीं ले रही हैं। अब पूर्व मुख्यमंत्रियों के सरकारी आवास के बाद एक और बंगला सपा मुखिया मुलायम सिंह यादव से छिनता नजर आ रहा है।

दरअसल, सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका दायर की गई है। राजधानी लखनऊ के वीवीआईपी इलाके में तीन ट्रस्टों से चार माह में बंगले खाली करने के लिए याचिका दायर की गई है। याचिकाकर्ता ने बताया कि महातम राय ट्रस्ट, वीर बहादुर सिंह सेवा संस्थान और अंबेडकर महासभा के नाम से बंगले आवंटित हैं।

याचिका में लोहिया ट्रस्ट का नाम भी शामिल है

लोहिया ट्रस्ट के अध्‍यक्ष मुलायम सिंह यादव हैं। जबकि उनके भाई समाजवादी सेक्युलर मोर्चा के संरक्षक शिवपाल यादव और बेटे और अखिलेश यादव भी इस ट्रस्ट के सदस्य हैं। याचिका में लोहिया ट्रस्ट का नाम भी शामिल है।

आदेश के बाद अच्छा खासा घमासान मचा था

इस याचिका से सपा परिवार की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। राज्य सरकार ने कहा है कि नए एक्ट से इस बंगले का आवंटन 1 जनवरी, 2017 को किया गया था। लोहिया ट्रस्ट के लिए बंगले का आवंटन दस साल के लिए किया गया था जबकि संशोधित एक्ट के मुताबिक बंगले का आवंटन पांच साल के लिए किया जा सकता है।
इससे पहले भी उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्रियों को बंगला खाली करने के आदेश के बाद अच्छा खासा घमासान मचा था।

बाकी के मंत्रियों ने एक एक करके बंगला खाली कर दिया था, लेकिन सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव और मुलायम सिंह यादव ने बंगला बचाने के लिए एड़ी से लेकर चोटी तक तक जोर रगाया था। योगी सरकार में उनकी एक न चली और आखिरकार बंगला खाली करना पड़ा था। इसके बाद भी बवाल नहीं थमा बल्कि घमासान मच गया। असली घमासान तो अखिलेश यादव के बंगला खाली करने के बाद मचा था। दरअसल जब अखिलेश के बंगला खाली करने के बाद उसे खोला गया तो वो खंडहर में तब्दील हो गया था।

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