सोशल मीडिया का दम : बदल डाली ‘बाबा का ढाबा’ की किस्मत, बुजुर्ग दंपती के चहरे पर लौटी मुस्कान

0 380

‘बाबा का ढाबा’ नाम का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इसमें एक बुजुर्ग दंपति ढाबे पर ग्राहक ना आने की वजह से परेशान है। वहीं वीडियों में एक शख्श दोनों बुजुर्गों की मदद करने की अपील कर रहा है।

सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद नेताओं, बॉलीवुड स्टार्स से लेकर आम जनता तक ‘बाबा का ढाबा’ की मदद करने के लिए उतर आए।

baba ka dhaba 3

दिल्ली के मालवीय नगर में हनुमान मंदिर के पास ‘बाबा का ढाबा’ है। जहां बुजुर्ग कांता प्रसाद और उनकी पत्नी बादामी देवी इस ढाबे को चलाते हैं। वो ये काम सन 1988 से कर रहें हैं। दोनों की उम्र 80 से ज्यादा हो चुकी है।

लॉकडाउन के बाद स्थिति हुई खराब-

baba ka dhaba 1

कांता प्रसाद ने बताया, हमारे बेटे और एक बेटी हैं, लेकिन कोई भी उनकी मदद नहीं करता। सारा काम वो खुद अपनी पत्नी के साथ मिलकर करते हैं।

उन्होंने बताया, सुबह 6-7 बजे दुकान लगाने पहुंच जाते हैं। साढ़े 9 बजे तक खाना बनकर तैयार हो जाता है। लेकिन ग्राहक ही नहीं आते। लॉकडाउन के पहले तो फिर भी लोग आते थे, लेकिन लॉकडाउन के बाद स्थिति बहुत ज्यादा खराब हो गई।

यूट्युबर ने पोस्ट किया ढाबे वीडियो-

6 अक्टूबर को एक यूट्युबर ने इस ढाबे की एक पोस्ट अपलोड की जिसमें उसने दिखाया कि दोपहर तक दोनों बुजुर्ग मात्र 70 रुपये ही कमा सके। बुजुर्गों की आंखों में आंसू थे वो रोने लगे।

वीडियो में बुजुर्ग कहते हुए नजर आ रहे हैं कि आधी किलो दाल भी पूरे दिन में नहीं बिक पाती, वहीं चावल और ढाबे की अन्य सब्जी भी ऐसे ही रखी रह जाती है। साथ ही इनकी लागत भी नहीं निकल पाती जिसकी वजह से इनका गुजारा करना मुश्किल हो गया है।

मदद के लिए आगे आये लोग-

baba ka dhaba 3

सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होते ही लोग मदद के लिए आगे आने लगे। कई लोगों ने बुजुर्ग दंपति की बैंक डिटेल मांगी ताकि वो कुछ मदद कर सकें। अब इस ढाबे पर लोग भी आ रहे हैं।

‘बाबा का ढाबा’ का वीडियो सामने आने के बाद अब लोगों का तांता लग गया है। कुछ लोग खाना खाने आ रहे हैं, तो कुछ लोग फोटो खिंचाने। हालात ये है कि ढाबे के सामने जाम की स्थिति पैदा हो गई है।

रातोंरात बदली किस्मत-

baba ka dhaba 4

कांता प्रसाद ने कहा, आज सुबह मैंने 6 बजे दुकान खोली और 9 बजे तक सारा खाना बिक गया, अब हम कल फिर से दुकान खोलेंगे। लोगों से इतना प्यार मिल रहा है, बहुत खुशी हो रही है, रात भर में हमारी जिंदगी बदल गई।

कांता प्रसाद के बड़े बेटे आजाद हिंद से भी बात की तो उन्होंने कहा, लॉकडाउन से पहले ऑफिस बॉय था, उसके बाद मेरी नौकरी चली गई, अभी मेरे पास कोई काम नहीं है। काम ढूंढ रहा हूं।

यह भी पढ़ें: होटल, ढाबा, रेस्तरा बंद होने से 60 फीसदी घटी सब्जियों की मांग

यह भी पढ़ें: राजस्थान में रेस्तरां, होटल-ढाबा, मिठाई की दुकानें खुलीं

-Adv-

(अन्य खबरों के लिए हमें फेसबुक पर ज्वॉइन करें। आप हमें ट्विटर पर भी फॉलो कर सकते हैं। अगर आप डेलीहंट या शेयरचैट इस्तेमाल करते हैं तो हमसे जुड़ें।)

Comments

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept Read More